• तीसरी तिमाही (Q3) में वास्तविक जीडीपी वृद्धि दर 7.8% रही।
• वित्त वर्ष 2025-26 में कुल वास्तविक जीडीपी वृद्धि 7.6% अनुमानित है, जबकि 2024-25 में यह 7.1% थी।
• राष्ट्रीय लेखा के नए वार्षिक एवं त्रैमासिक अनुमान जारी किए गए हैं, जिनका नया आधार वर्ष 2022-23 है।
• 2022-23 को आधार वर्ष इसलिए चुना गया क्योंकि यह कोविड के बाद का प्रतिनिधि और सामान्य आर्थिक वर्ष रहा है।
• दूसरी तिमाही (Q2) में 8.4% तथा तीसरी तिमाही (Q3) में 7.8% की मजबूत वृद्धि दर्ज की गई।
• 2023-24 में वास्तविक जीडीपी वृद्धि 7.2% और 2024-25 में 7.1% रही।
• विनिर्माण (Manufacturing) क्षेत्र ने लगातार तीन वित्त वर्षों में अर्थव्यवस्था के लचीले प्रदर्शन में प्रमुख योगदान दिया है।
• विनिर्माण क्षेत्र ने 2023-24 और 2025-26 में दो अंकों (Double Digit) की वृद्धि दर हासिल की है।
• द्वितीयक और तृतीयक क्षेत्रों ने चालू वित्त वर्ष में 9% से अधिक की वृद्धि दर्ज की है।
• व्यापार, होटल, परिवहन, प्रसारण से जुड़ी सेवाएं और भंडारण क्षेत्र ने 2025-26 में स्थिर मूल्यों पर 10.1% की वृद्धि दर्ज की।
• उपभोग पक्ष में निजी अंतिम उपभोग व्यय (PFCE) और सकल स्थिर पूंजी निर्माण (GFCF) दोनों में 2025-26 में 7% से अधिक की वृद्धि देखी गई।